Tuesday, April 16, 2024

सुभाषितम् (NOBLE THOUGHT)

 दूरे भीरुत्वमासन्ने शूरता महतोगुणः।

विपत्तौ हि महांल्लोके धीरत्वमधिगच्छति॥

  अर्थात् - 

        कोई भी विपत्ति आने की सम्भावना से लोगों के मन में भय रहता है। किन्तु विपत्ति का सम्मुखीन होते ही धैर्य अवलम्वनपूर्वक विक्रम(साहस) प्रदर्शन करना महान् लोगों का गुण है॥

Meaning -

         Men become afraid of seeing any upcoming trouble; but it is the quality of  wise people as they face the trouble, they show their power patiently.

No comments:

Post a Comment

NCERT SANSKRIT BHASWATI CLASS - 11 CHAPTER -.8

वस्त्र विक्रयः अष्टम पाठः (तब अनुचर के साथ विदेशी गौरांग का प्रवेश होता है। वह राजमुद्राङ्कित प्रमाणपत्र दिखाकर सेठ और जुलाहको डांटता है ।) ...