Sunday, December 28, 2025

सुभाषितम्(NOBLE THOUGHTS)

 मातृपितृकृताभ्यासो गुणितामेति बालकः।

न गर्भच्युतिमात्रेण पुत्रो भवति पण्डितः।।

अर्थात्,

    माता-पिता के अभ्यास कराने पर ही बालक विद्वान् होता है। गर्भ से निकलते ही पुत्र विद्वान् नहीं हो जाता है।

Meaning --

The child becomes intelligent because of proper guidance given by the parents. The child is never intelligent right after coming out of the womb.

No comments:

Post a Comment

सुभाषितम्(NOBLE THOUGHTS)

 न च शत्रुरवज्ञेयो दुर्बलोऽपि बलीयसा। अल्पोऽपि हि दहत्यग्निर्विषमल्पं हिनस्ति च।। अर्थात्,   बलवान को दुर्बल शत्रु का भी उपेक्षा नहीं करनी च...